पातालगरुड जालजंगी विषगरुड आमपाचिनी
बहुवर्षायु लता (Perennial climber)
भारत में राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल और दक्षिण भारत के अधिकांश भागों में पाया जाता है। यह झाड़ियों, खेतों की मेड़, सूखी और पथरीली भूमि पर स्वतः उगती है।
Isoquinoline alkaloids (Coclaurine, Isotrilobine, Magnoflorine) β-sitosterol Palmitic acid, Oleic acid Lignans Flavonoids Mucilage
Rasa- तिक्त, कषाय Guna- लघु, रूक्ष Virya- उष्ण Vipaka- कटु Karma- ज्वरघ्न, कासहर, श्वासहर, कृमिघ्न, रक्तशोधक, दीपनीय, आमपाचक, प्रदरहर Doshakarma- कफ-वात शामक पित्त का शोधन
ज्वर, विशेषकर आमज्वर कास व श्वास रोग कृमिरोग प्रदर (ल्यूकोरिया) रक्तपित्तत्वचारोग आमवात भूख की कमी व अग्निमांद्य
मूल, पत्र, फल
क्वाथ: 30–50 ml स्वरस: 10–15 ml चूर्ण: 3–6 gm
पातालगरूड़ि क्वाथ ज्वरघ्न योग प्रदरहर योग
पातालगरुडिः तिक्ता कषायोष्णा कफापहा। ज्वरकासप्रशमिनी प्रदरोदरनाशिनी॥ "पातालगुरुडीरामृतारक्तपित्तकुष्ठनुत्। शोथश्वासप्रमेहघ्नीमूत्रकृच्छ्रविनाशिनी॥" (भावप्रकाशनिघण्टु)
पातालगरूड़ि, जालजंगी
Broom creeper, Ink berry plant
Cocculus hirsutus (L.) Diels.
Menispermaceae