HERBAL GARDEN

हिंस्त्रा

Classification

Synoyms

हिंस्त्रिका
कण्टकप्रिया
कण्टकरी
कटुकशाखा

Habit

बहुवर्षीय, कांटेदार, झाड़ीदार पौधा

Habitat

शुष्क, पथरीली, रेतीली भूमि; भारत के प्रायः सभी भागों में, विशेषकर राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश और दक्कन क्षेत्र में पाया जाता है।

Morphology

  • जड़ – गहरी, लकड़ी जैसी, मजबूत
  • तना – शाखायुक्त, 2–4 मीटर ऊँचा, तीक्ष्ण कांटेदार
  • पत्तियाँ – अंडाकार, चिकनी, हरी, 2–5 सेमी लंबी
  • फूल – पीले-हरे रंग के, छोटे, गुच्छों में
  • फल – छोटे, गोल या अंडाकार, लाल रंग के, पके पर मृदु
  • बीज – छोटे, भूरे-लाल रंग के

Chemical Composition

ग्लूकोसाइड्स
एल्कलॉइड्स (कैपारिन)
फ्लावोनॉइड्स
टैनिन्स
आवश्यक तेल (volatile oil)
प्रोटीन व खनिज पदार्थ

Guna-Karma

Rasa- तिक्त, कटु
Guna- लघु, रुक्ष, तीक्ष्ण
Virya- उष्ण
Vipaka- कटु
Karma- दीपन, पाचन, कृमिघ्न, शोथहर, वेदनास्थापन, रक्तशोधक, यकृत उत्तेजक
Doshakarma- कफ-वात शामक, पित्तवर्धक

Medicinal uses

यकृत व प्लीहा वृद्धि में
भूख की कमी (अग्निमांद्य) में
कृमि रोग (intestinal worms)
वातविकार एवं संधिशोथ
त्वचा रोग व खुजली
रक्तशोधन हेतु
प्लीहा व यकृत संबंधी शोथ
घाव पर लेप के रूप में

Useful Part

जड़, छाल, पत्तियाँ, फल

Doses

चूर्ण – 3–6 ग्राम
क्वाथ – 40–50 मिली
पत्तों का लेप – आवश्यकता अनुसार

Important Formulation

हिंस्त्रादि क्वाथ
कण्टकारी अवलेह
यकृतविकारहर योग

Shloka

हिंस्त्रा तिक्तका तृष्णा कृमिशोथनिवारिणी।
दीपन्या पाचन्या चैव वाते कफहरापि च॥
"हिंस्त्रांदीपनींमूत्रकृच्छहरांकषायतिक्ताम्।
व्रणशोधन्याःश्रेष्ठां, वातकफहरांशुभाम्॥" — निघण्टुस्रोत

Hindi Name​

हिंस्त्रा, हिंस्त्रिका

English Name

Hedge Caper Bush

Botanical Name

Capparis sepiaria L.

Family

Capparaceae

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